विलोमार्थक/विपरीतार्थक शब्दकोश (VILOMARTHAK/BIPRITAJTHAK SHABDKOSH)

विलोमार्थक/विपरीतार्थक शब्दकोश (VILOMARTHAK/BIPRITAJTHAK SHABDKOSH)

#विलोम शब्द में किसी शब्द का विपरीत अर्थ वाला शब्द होता है। अर्थात् शब्दों का विपरीत अर्थ देने वाले शब्द कई तरह से बनते हैं जिनमें से कुछ नियम ये हैं :

#लिंग-परिवर्तन के द्वारा : माता-पिता, माँ-बाप, भाई-बहन, बेटा-बेटी, लड़का-लड़की, राजा-रानी, वर-कन्या इत्यादि।

#प्रत्यय-परिवर्तन द्वारा : गतिवान-गतिहीन, विवेकपूर्ण-विवेकशून्य, श्रीयुत्-श्रीहीन इत्यादि।

#नञ् (अ) लगाकर : आदि-अनादि, सभ्य-असभ्य, संभव-असंभव, लौकिक-अलौकिक, क्षर-अक्षर इत्यादि।

#उपसर्ग जोड़कर : जय-पराजय, यश-अपयश, मान-अपमान घात-प्रतिघात, राग-विराग इत्यादि।

#उपसर्ग बदलकर : आदान-प्रदान, आयात-निर्यात, उपकार-अपकार, संयोग-वियोग इत्यादि।

#अलग-अलग शब्दों के प्रयोग द्वारा : लघु-गुरु, छोटा-बड़ा, लाभ-हानि, मूक-वाचाल, कटु-मधु इत्यादि।

#अंकुचन प्रसारण

#अंगीकार इनकार

#अंत आदि

#अंतर सतत

#अंतरंग बहिरंग

#अंतर्द्वंद बहिर्द्वंद्व

#अंतर्मुख बहिर्मुख

#अंतर्मुखी बहिर्मुखी

#अंतिम प्रारंभिक

#अंधकार प्रकाश

#अकाम सुकाम

#अकारण सकारण

#अकाल सुकाल

#अगम सुगम

#अगला पिछला

#अग्नि जल

#अग्र पश्चात

#अग्रज अनुज

#अघ अनघ

#अचल चल

#अचेत सचेत

#अच्छा बुरा

#अज्ञ विज्ञ, प्रज्ञ

#आज्ञा अवज्ञा

#अतल वितल

#अति अल्प

#अतिरिक्त अनतिरिक्त

#अतिवृष्टि अनावृष्टि

#अत्यधिक अत्यल्प

#अथ इति

#अदोष सदोष

#अध: उपरि

#अधम उत्तम

#अधिक अल्प, कम

#अधिकतम न्यूनतम

#अधिकार अनधिकार

#अधिकारी अनधिकारी

#अधिपत्यका उपत्यका

#अधुनातन पुरातन

#अध्यवसाय अनध्यवसाय

#अध्याय अनध्याय

#अनंत सांत

#अनभिज्ञ भिज्ञ

#अनय नय

#अनाथ सनाथ

#अनाम सनाम

#अनिष्ट इष्ट

#अनुकरण अननुकरण

#अनुकूल प्रतिकूल

#अनुग्रह विग्रह

#अनुरक्त विरक्त

#अनुरक्ति विरक्ति

#अनुराग विराग

#अनुलोम प्रतिलोम, विलोम

#अनेक एक

#अन्त आदि

#अन्तर्द्वन्द्व बहिर्द्वन्द्व

#अन्तर्मुखी वहिर्मुखी

#अपना पराया

#अपमान सम्मान

#अपेक्षा उपेक्षा

#अबला सबला

#अभिज्ञ अनभिज्ञ

#अभिन्न भिन्न

#अभ्यास अनभ्यास

#अमर मर्त्य

#अमावस्या पूर्णिमा

#अमृत विष

 

#अयोग्य योग्य

#अरुचि रुचि

#अर्जन वर्जन

#अर्थ अनर्थ

#अर्थी प्रत्यर्थी

#अर्पण ग्रहण

#अर्पित गृहीत

#अलभ्य लभ्य

#अल्प बहु

#अल्पज्ञ बहुज्ञ

#अल्पसंख्यक बहुसंख्यक

#अल्पायु दीर्घायु, चिरायु

#अवकाश अनवकाश

#अवनत उन्नत

#अवनति उन्नति

#अवनि अंबर

#अवरोध अनवरोध

#अश्रु हास

#असहाय मर्थ

#असीम ससीम

#अस्त उदय

#अस्वस्थ स्वस्थ

#आकर्षण विकर्षण

#आकाश पाताल

#आकीर्ण विकीर्ण

#आकुंचन प्रसारण

#आगत अनागत

#आगम लोप

#आगमन प्रस्थान, गमन

#आगामी विगत

#आगे पीछे

#आग्रह दुराग्रह, अनाग्रह

#आचार अनाचार

#आज़ाद ग़ुलाम

#आज़ादी ग़ुलामी

#आज्ञा अवज्ञा

#आतप अनातप, छाया

#आतूर अनातूर

#आत्मा परमात्मा

#आदत्त प्रदत्त

#आदर अनादर

#आदान प्रदान

#आदि अनादि, अंत

#आदिष्ट निषिद्ध

#आदृत अनादृत

#आद्य अंत्य

#आधार अनाधार, आधेय, लम्ब

#आधुनिक प्राचीन

#आना जाना

#आभ्यंतर बाह्य

#आम (साधारण) ख़ास

#आमिष निरामिष, शाक

#आय व्यय

#आयात निर्यात

#आरंभ अंत

#आराम तकलीफ़

#आरूढ़ अनारूढ़

#आरोह अवरोह

#आर्द्र शुष्क

#आलोक अंधकार

#आवर्तन निवर्तन

#आवश्यक अनावश्यक

#आविर्भाव तिरोभाव

#आविष्ट अनाविष्ट

#आशा निराशा

#आश्रित अनाश्रित

#आसक्त अनासक्त

#आसक्ति विरक्ति

#आसान मुश्किल

#आस्तिक आस्तिक

#आस्था अनास्था

#आहार अनाहार

#आह्वान विसर्जन

#इकट्ठा अलग

#इच्छा अनिच्छा

#इति अथ

#इषत् अलम्

#इष्ट अनिष्ट

#इहलोक परलोक

#ईद मुहर्रम

#ईमानदार बेईमान

#ईश अनीश

#ईश्वर अनीश्वर

#ईषत् अलम्

#उक्त अनुक्त

#उक्ति अनुक्ति

#उग्र सौम्य

#उचित अनुचित

#उच्च निम्न

#उजला काला

#उजाला अंधेरा

#उतार चढ़ाव

#उत्कर्ष अपकर्ष

#उत्कृष्ट निकृष्ट

#उत्तम अनुत्तम, अधम

#उत्तर दक्षिण

#उत्तरायण दक्षिणायन

#उत्तीर्ण अनुत्तीर्ण

#उत्थान पतन

#उत्साह निरुत्साह, अनुत्साह

#उत्सुक अनुत्सुक

#उदय अस्त

#उदयाचल अस्ताचल

#उदात्त अनुदात्त

#उदार अनुदार, कृपण, दानी

#उद्धत विनीत

#उद्यम निरुद्यम

#उधार नक़द

#उन्नति अवनति

#उन्मीलन निमीलन

#उन्मुख विमुख

#उन्मूलन मूलन, रोपण

#उपकार अपकार

#उपभुक्त अनुपभुक्त

#उपयुक्त अनुपयुक्त

#उपयोग दुरुपयोग

#उपयोगी अनुपयोगी

#उपरि अध:

#उपसर्ग प्रत्यय

#उपस्थिति अनुपस्थिति

#उर्ध्व अधः

#उर्वर अनुर्वर

#उर्वरा बंजर

#उलटा सीधा

#ऊंच नीच

#ऊंचा नीचा

#ऊसर उपजाऊ

#ऋजु कुटिल, वक्र

#ऋणात्मक धनात्मक

#ऋत अनृत

#एक अनेक

#एकतंत्र बहुतंत्र

#एकता अनेकता

#एकत्र विकीर्ण

#एकमुखी बहुमुखी

#एकार्थ अनेकार्थ

#एकेश्वरवाद बहुदेववाद

#एड़ी चोटी

#ऐक्य अनैक्य

#ऐतिहासिक अनैतिहासिक

#ऐश्वर्य अनैश्वर्य

#ऐहिक पारलौकिक

#औचित्य अनौचित्य

#औदात्य अनौदात्य

#औपचारिक अनौपचारिक

#कटु मधु

#कठिन सरल

#कठोर कोमल

#कठोर दयालु

#कड़ुवा मीठा

#कड़ुवा मीठा

#कनिष्ठ ज्येष्ठ

#कपट निष्कपट

#कपटी निष्कपट, सरल

#कपूत सपूत

#करुण निष्करुण, अकरुण, दारुण

#कर्कश सुशील

#कर्कशा सुशीला

#कर्तव्य अकर्तव्य

#कर्म अकर्म

#कर्मण्य अकर्मण्य

#कल आज

#कलुष निष्कलुष

#कल्पित वास्तविक

#कल्याण अकल्याण

#क़सूरवार बेक़सूर

#कापुरुष वीर

#कायर निडर

#कायर वीर

#कायरता निडरता, वीरता

#कीर्ति अपकीर्ति

#कुख्यात सुख्यात

#कुटिल सरल

#कुप्रबंध सुप्रबंध

#कुपात्र सुपात्र

#कुमार्ग सुमार्ग

#कुरूप सुन्दर, सुभग

#कुसुम वज्र

#कृतज्ञ कृतघ्न

#कृत्रिम प्राकृत

#कृत्रिम प्राकृतिक

#कृपण उदार, दानी

#कृश हृष्ट, पुष्ट

#कृष्ण शुक्ल

#कोप कृपा

#कोमल कठोर

#क्रय विक्रय

#क्रूर अक्रूर

#क्रेता विक्रेता

#क्रोध क्षमा

#क्षणभंगुर अविनाशी

#क्षणिक शाश्वत

#क्षम अक्षम

#क्षमा दंड

#क्षम्य अक्षम्य

#क्षय अक्षय

#क्षर अक्षर

#क्षुद्र महत्

#क्षुद्र विराट, विशाल, महान

#खंडन मंडन

#खंडित पूर्ण

#खरा खोट

#ख़रीद बिक्री

#खल सज्जन

#खाद्य अखाद्य

#खिन्नता प्रसन्नता

#खिलना मुरझाना

#खीझना रीझना

#खेद प्रसन्न

#गंभीर छिछला

#गगन धरा, पृथ्वी

#गढ़ंत वास्तविक

#गणतंत्र राजतंत्र

#गत आगत

#गण्य नगण्य

#गद्य पद्य

#गमन आगमन

#गम्य अगम्य

#गरम ठंडा

#गरल सुधा

#गरिष्ठ सुपच

#ग़रीब धनी, अमीर

#गहरा छिछला

#गाढ़ा पतला

#गीला सूखा

#गुण दोष, अवगुण

#गुप्त प्रकट

#गुरु लघु

#गृहस्थ वैरागी

#गृहस्थ संन्यासी

#गृही त्यागी, संन्यासी

#गेय अगेय

#गोचर अगोचर

#गोरक्षक गोभक्षक

#गोरा काला

#गौर श्याम

#गौरव लाघव

#ग्रस्त मुक्त

#ग्रामीण नगरीय

#ग्रामीण/ग्राम्य नागर

#ग्राम्य शिष्ट, नागर

#ग्राह्य त्याज्य

#घटना बढ़ना

#घर बाहर

#घरे बाहरी

#घरेलू बनैला, वन्य, जंगली

#घात प्रतिघात

#घाटा नफ़ा

#घोषित अघोषित

#घृणा प्रेम

#चंचल स्थिर, अचंचल

#चटकीला फीका

#चढ़ाव उतार

 

#कमकीला धुंधला

#चर अचर

#चल अचल

#चाह अनचाह

#चिंतारहित चिंताग्रस्त

#चिन्मय अचिन्मय, जड़

#चिर नवीन

#चिरंतन अधुनातन

#चिरन्तन नश्वर

#चेतन अचेतन

#चेष्टा निश्चेष्ट

#चोर साधु

#च्युत अच्युत

#छल सरलता

#छली निश्चल

#छांह धूप

#छूत अछूत

#जंगम स्थावर

#जटिल सरल

#जड़ चेतन

#जन्म मरण

#जन्म मृत्यु

#जय पराजय

#जल स्थल

#जल्द देर

#जवानी बुढ़ापा

#जवानी बुढ़ापा

#जागरण निद्रा

#जागृति सुषुप्ति

#जाग्रत सुषुप्त

#जाड़ा गर्मी

#जाति विजाति

#जातीय विजातीय

#जीवन मरण

#जीवन मृत्यु

#जीवित मृत

#जेय अजेय

#जोड़ घटाव

#ज्ञान अज्ञान

#ज्ञानी अज्ञानी, मूढ़

#ज्ञेय अज्ञेय

#ज्येष्ठ कनिष्ठ

#ज्योति तम

#ज्वार भाटा

#झूठ सच

#झोंपड़ी महल

#टटका बासी

#ठंडा गर्म

#ठाकुर सेवक

#ठोस तरल

#डरपोक निडर

#डूबना उतराना

#ढोंगी पाखंडहीन

#तप्त शीतल

#तनिक अधिक

#तम आलोक

#तरल ठोस

#तरुण वृद्ध

#तलवार सायक

#तस्कर साधु

#तानी भरनी

#ताप शीत

#तामसिक सात्विक

#तारीफ़ शिकायत

#तिक्त मधुर

#तिमिर प्रकाश

#तीक्ष्ण कुंठित

#तीता मीठा

#तीव्र मंद

#तुकांत अतुकांत

#तेज़ सुस्त

#तुच्छ महत्

#तुच्छ महान

#तृषा तृप्ति

#तृष्णा तृप्ति

#त्याज्य ग्राह्य

#थाह अथाह

#थोक खुदरा

#थोड़ा बहुत

दमनीय अदमनीय

#दक्षिण वाम

#दाता कृपण

#दिन रात

#दिवा रात्रि

#दीर्घ ह्रस्व

#दीर्घकाय कृशकाय

#दीर्घकाल अल्पकाल

#दुखांत सुखांत

#दुत्कार सत्कार

#दु:शील सुशील

#दुराचार सदाचार

#दुराचारी सदाचारी

#दुर्जन सज्जन

#दुर्दांत शांत

#दुर्बल सबल

#दुर्लभ सुलभ

#दुष्कर्म सुकर्म

#दुष्कृति सुकृति

#दूर नज़दीक

#दूषित अदूषित

#दूषित स्वच्छ

#दृढ़ अदृढ़, विचलित

#दृश्य अदृश्य

#देय अदेय

#देव दानव

#दोष गुण

#दोस्त दुश्मन

#द्वैषी मैत्री

#धनी निर्धन, ग़रीब

#धरा गगन

#धर्म अधर्म

#धूप छांह

#धृष्ट अधृष्ट

#धृष्ट विनीत

#ध्वंस निर्माण

 

 

 

 

 

#नक़ली असली

#नख सिख

#नगर ग्राम, देहात

#नमकहलाल नमकहराम

#नया पुराना

#नर नारी

#नवीन प्राचीन

#नश्वर शाश्वत

#नागर ग्रामीण, ग्राम्य

#नागरिक ग्रामीण, ग्राम्य

#नास्तिक आस्तिक

#नि:शंक सशंक

#निंदा स्तुति, प्रशंसा

#निंद्य वंद्य

#निकट दूर

#निगलना उगलना

#नित्य अनित्य

#निद्रा अनिद्रा, जागरण

#निन्दा स्तुति

नियम अनियम

#निरक्षर साक्षर

#निरर्थक सार्थक

#निराकार साकार

#निरामिष सामिष

#निर्जीव सजीव

#निर्दय सदय

#निर्दोष सदोष

#निर्बल सबल

#निर्बलता सबलता

#निर्मल अनिर्मल, मलिन

#निर्माण ध्वंस

#निर्लज्ज सलज्ज

#निश्चेष्ट सचेष्ट

#निषिद्ध अनिषिद्ध

#निषिद्ध विहित

#निषेध विधि

#निष्काम सकाम

निष्क्रिय सक्रिय

#नीरस सरस

#नुक़सान फ़ायदा

#नूतन पुरातन

#नेकी बदी

#नैसर्गिक कृत्रिम

#न्याय अन्याय

#न्यून अन्यून, अधिक

#न्यूनतम अधिकतम

#पंडित मूर्ख

#पथ्य कुपथ्य

#पक्ष विपक्ष

#पक्षपात तटस्थता

#पक्षपात निष्पक्ष

#पतन उत्थान

#पतनोन्मुख विकासोन्मुख

#पता खोज

#पति पत्नी

#परकीय स्वकीय

#परतंत्र स्वतंत्र

#परार्थ स्वार्थ

#पराजय जय, विजय

#पराया अपना

#परिचित अपरिचित, अनजान

#परिपक्व अपरिपक्व

#परिश्रम विश्राम

#परिश्रमी आलसी

#परूष कोमल

#पवित्र अपवित्र

#पर्णकुटी प्रसाद

#पाक नापाक

#पाठ्य अपाठ्य

#पात्र अपात्र

#पानी आग

#पाप पुण्य

#पापी पुण्यात्मा

#पालक संहारक

#पार्थिव अपार्थिव

#पाश्चात्य पौरस्त्य, पौरवात्य, पूर्वीय

#पास दूर

#पुरस्कार दंड, तिरस्कार

#पुरातन अधुनातन, नवीन

#पुरुष स्त्री

#पुष्ट अपुष्ट, क्षीण

#पूर्णता अपूर्णता

#पूर्णिमा अमावस्या

#पूर्व उत्तर, पश्चिम

#पूर्व पश्चिम

#पूर्ववत् नूतनवत्

#पूर्ववर्ती परवर्ती, उत्तरवर्ती

#पौरुषेय अपौरुषेय

#प्रकट प्रच्छन्न, गुप्त

#प्रकाश अंधकार

#प्रकृष्ट निकृष्ट

#प्रख्यात अख्यात

#प्रच्छन्न अप्रच्छन्न

#प्रज्ञ अज्ञ

#प्रज्ञ मूढ़

#प्रतिकूल अनुकूल

#प्रतिष्ठा अप्रतिष्ठा, अनादर

#प्रतीची प्राची

#प्रत्यक्ष परोक्ष

#प्रधान गौण

#प्रफुल्ल म्लान

#प्रमुख सामान्य

#प्रयोग अप्रयोग

#प्रलय सृष्टि

#प्रतिलोम अनुलोम

#प्रलय सृष्टि

#प्रवृत्ति निवृत्ति

#प्रवेश निष्कासन, निकास

#प्रशंसा निंदा

#प्रसन्न खिन्न

#प्रसाद विषाद

#प्रसारण संकुचन

#प्रसिद्ध अप्रसिद्ध

#प्राकृतिक कृत्रिम

#प्राची प्रतीची

#प्राचीन नवीन, अर्वाचीन

#प्रातः सायं, संध्या

#प्राप्त अप्राप्त

#प्रारंभिक अंतिम

#प्रेम घृणा

#प्रोत्साहन हतोत्साहन

#फलदायक निष्फल

#फलवान फलहीन

#फ़ायदा नुक़सान

#बंधन मुक्ति

#बच्चा बूढ़ा

#बढ़िया घटिया

#बनाना बिगाड़ना

#बद्ध मुक्त

#बर्बर सभ्य

#बलवान बलहीन

#बसंत पतझड़

#बहिरंग अंतरंग

#बहिर्गत अंतर्गत

#बहिर्मुख अंतर्मुख

#बहिष्कार स्वीकार

#बहुदर्शी अल्पदर्शी

#बहुभाषी अल्पभाषी

#बाढ़ सूखा

#बालक वृद्ध

#बाह्य अभ्यांतर

#बुद्धिमान मूर्ख

#बुरा भला

#बोना काटना

#भद्र अभद्र

#भय निर्भय, साहस

#भय साहस

#भयभीत भयहीन

#भला बुरा

#भारतीय अभारतीय

#भारी हल्का

#भीतर बाहर

#भुक्त अभुक्त

#भूगोल खगोल

#भूत भविष्य

#भूलोक द्युलोक

#भेद अभेद

#भोगी योगी

#भोज्य अभोज्य

#भौतिक आध्यात्मिक, अभौतिक

#भ्रांत अभ्रांत, निर्भ्रांत

#मंगल अमंगल, अमंगलीय

#मंदबुद्धि तीक्ष्णबुद्धि

#मनीषी मूर्ख

#मनुज दनुज

#मनुष्य पशु

#मर्द औरत

#मर्त्य अमर, अमर्त्य

#मलिन स्वच्छ

#मलिनता स्वच्छता

#मसृण रुक्ष

#महत् लघु

#महत्वपूर्ण महत्वहीन

#महात्मा दुरात्मा

#महान साधारण

#माता पिता

#मान अपमान

#मानव दानव

#मानवता दानवता

#मानवीय दानवीय

#मान्य अमान्य

#मालिक नौकर

#मितभाषी वाचाल

#मिलन विरह

#मुक्त ग्रस्त, अमुक्त

#मुख पृष्ठ, प्रतिमुख

#मुख्य गौण

#मुनाफ़ा नुक़सान, घाटा

#मुश्किल आसान

#मूक वाचाल

#मृत जीवित

#मृदुल कठोर

#मृदुल रुक्ष

#मेहनती आलसी

#मोक्ष बंधन, अमोक्ष

#म्लान अम्लान

#यत्र तत्र

#यथार्थ कल्पित

#यथेष्ट अल्प

#यश अपयश

#युक्तियुक्त अयुक्त

#योग वियोग

#योगी भोगी

#योग्य अयोग्य

#यौवन वार्धक्य

#रंगीन रंगहीन, बेरंग

#रक्षक भक्षक

#रचना ध्वंस, विनाश

#रचनात्मक ध्वंसात्मक

#रत विरत

#राका अमा

#राग विराग

#रागी विरागी

#राजतंत्र जनतंत्र, गणतंत्र, लोकतंत्र, प्रजातंत्र

#राजा प्रजा, रंक

#रात दिन

#राम रावण

#राव रंक

#राष्ट्रप्रेमी राष्ट्रद्रोही

#रिक्त पूर्ण

#रूपवान रूपहीन, कुरूप

#रोचक अरोचक

#रोपण अवरोपण, उन्मूलन

#लघु गुरु

#लज्जाशील निर्लज्ज

#लब्धप्रतिष्ठ प्रतिष्ठाहीन

#लाभ हानि

#लिखित अलिखित

#लिप्त अलिप्त, निर्लिप्त

#लुप्त प्रकट, व्यक्त

#लेन देन

#लोक परलोक

#लोप विलोप

#लोभ निर्लोभ, संतोष

#लोभी निर्लोभी

#लौकिक अलौकिक

#लोलुप त्यागी

#लौह स्वर्ण

#वक्ता श्रोता

#वक्र ऋजु, सरल

#वन मरु

#वंध्या पुत्रवती

#वन्य पालित, पालतू

#वर्षा सूखा

#वसन्त पतझड़

#बहिष्कार स्वीकार

#वाद प्रतिवाद

#वादी प्रतिवादी

#वास्तविक अवास्तविक

#विकर्ष आकर्ष

#विकल शांत

#विकास ह्रास

#विघटन संगठन

#विचलित अविचलित

#विजय पराजय

#विजेता विजित

#विज्ञ अनविज्ञ

#विद्रोह समर्पण, संधि

#विधवा सधवा

#विधि निषेध

#विपत्ति सम्पत्ति

#विपद् संपद्

#विपन्न संपन्न

#विमुख उन्मुख

#वियोग संयोग

#विरत निरत, रत

#विरल अविरल

#विरह मिलन

#विवाद अविवाद

#विवाहित अविवाहित

#विशाल लघु, क्षुद्र

#विशालकाय लघुकाय

#विशिष्ट सामान्य, साधारण

#विशेष सामान्य

#विश्लेषण संश्लेषण

#विश्वास अविश्वास

#विष अमृत

#विसर्जन सर्जन

#विस्तार संक्षेप

#विस्तृत संक्षिप्त

#विस्मरण संस्मरण

#विहित अविहित

#वीर कायर

#वृद्ध बालक

#वृद्धि ह्रास

#वृष्टि अनावृष्टि

#वृहत् लघु

#वैतनिक अवैतनिक

#वैध अवैध

#वैमनस्य सौमनस्य

#वैर प्रीति

#व्यक्ति समाज

#व्यर्थ अव्यर्थ, सार्थक

#व्यवस्था अव्यवस्था

#व्यवहार दुर्व्यवहार

#व्यष्टि समष्टि

#व्यावहारिक अव्यावहारिक

#व्यास समास

#शकुन अपशकुन

#शठ सज्जन

#शत्रु मित्र

#शयन जागरण

#शरण अशरण

#शहर गांव

#शहरी देहाती

#शाकाहार मांसाहार8

#शांत अशांत, चंचल

#शांति क्रांति, अशांति

#शासक शासित

#शिक्षक शिक्षार्थी

#शिव अशिव

#शिष्टाचार दुराचार

#शीघ्र धीरे, मंद

#शीत उष्ण, अशीत

#शुक्ल कृष्ण

#शुचि अशुचि

#शुभ अशुभ

#शुभ्र कृष्ण

#शुष्क आर्द्र

#शुष्क सिक्त

#शोक हर्ष

#शोषक पोषक

#शोषण पोषण

#श्याम गौर

#श्यामा गौरी

#श्रद्धा अश्रद्धा, घृणा

#श्रव्य अश्रव्य, दृश्य

#श्रांत अश्रांत

#श्रीगणेश इतिश्री

#श्रृंखला विश्रृंखला

#श्लील अश्लील

#श्वेत श्याम

#संकल्प विकल्प

#संकीर्ण विस्तीर्ण

#संकुचित विस्तृत

#संकोच असंकोच, प्रसार

#संगठन विघटन

#संगत असंगत

#संत असंत

#संतोष असंतोष

#संधि विग्रह

#संध्या प्रातः

#संन्यासी गृहस्थ

#संन्यासी गृही, गृहस्थ

#संपत् विपद्

#सम्पत्ति विपत्ति

#संपन्न विपन्न

#संभोग विभोग

#संयोग वियोग

#संश्लिष्ट विश्लिष्ट

#संस्मरण विस्मरण

#सकर्मक अकर्मक

#सकलंक निष्कलंक

#सकाम निष्काम

#सक्षम अक्षम

#सखा शत्रु

#सगुण निर्गुण

#सच्चरित्र दुष्चरित्र

#सच्चा झूठा

#सजल निर्जल

#सलज्ज निर्लज्ज

#सजीव निर्जीव

#सज्जन दुर्जन

#सत् असत्

#सत्कर्म दुष्कर्म

#सत्कार तिरस्कार

#सत्य असत्य

#सत्यवृत्त दुर्वृत्त

#सदय निर्दय

#सदाचार दुराचार

#सदाशय दुराशय

#सद्वृत्त-असद्वृत्त

#सद्वृत्ति दुर्वृत्ति

#सनाथ अनाथ

#सपूत सपूत

#सप्रयोजन निष्प्रयोजन

#सप्राण निष्प्राण

#सफल विफल, असफल

#सफ़ाई गंदगी

#सबल दुर्बल, निर्बल

#सबाध निर्बाध

#सभय अभय, निर्भय

#सभ्य असभ्य

#सम विषम

#समक्ष परोक्ष

#समर्थ असमर्थ

#सम्बद्ध असम्बद्ध

#समष्टि व्यष्टि

#समाज व्यक्ति

#समास व्यास

#समूल निर्मल

#सम्पद् विपद्

#सम्पन्न विपन्न

#सम्मान अपमान

#सम्मुख विमुख

#सयाना नादान

#सरल वक्र, तिर्यक

#सरस नीरस

#सर्द गर्म

#सर्दी गर्मी

#सलज्ज निर्लज्ज

#सवाल जवाब

#सविकार निर्विकार

#सस्ता महंगा

#सशंक निःशंक

#सहज कठिन, दुष्कर

#सह्य असह्य

#सहयोग असहयोग

#सहयोगी असहयोगी

#सांझ सबेरा

#सांत असंत

#साकार निराकार

#साक्षर निरक्षर

#सात्विक तामसिक

#सादर निरादर

#साधु असाधु

#साध्य असाध्य

#सापेक्ष निरपेक्ष

#सामान्य असामान्य, विशिष्ट

#सामिष निरामिष

#सार असार

#सारवान असार

#सार्थक निरर्थक

#साला बहनोई

#सावधान असावधान

#साहस भय

#साहसी कायर, भीरु

#सीम असीम

#सुंदर असुंदर, कुरूप

#सुकर दुष्कर

#सुकर्म दुष्कर्म

#सुकाल अकाल

#सुकृति दुष्कृति

#सुख दुःख

#सुगंध दुर्गंध

#सुगति दुर्गति

#सुगम दुर्गम

#सुदूर अदूर

#सुधा गरल

#सुनाम दुर्नाम

#सुपथ कुपथ

#सुपरिणाम दुष्परिणाम

#सुपाच्य दुष्पाच्य

#सुपात्र कुपात्र

#सुबह शाम

#सुबुद्धि कुबुद्धि,

#सुभग दुर्भग

#सुभाग्य दुर्भाग्य

#सुमति कुमति, दुर्मति

#सुमार्ग कुमार्ग

#सुयश अयश

#सुर असुर

#सुराज दुराज

#सुलभ दुर्लभ

#सुविधा असुविधा

#सुशील दुश्शील

#सुसंगति कुसंगति

#सूक्ष्म स्थूल

#सूखा गीला

#सृजन संहार, ध्वंस, प्रलय

#सृष्टि प्रलय, संहार, विनाश

#सेवक स्वामी

#सौजन्य असौजन्य

#सौभाग्य दुर्भाग्य

#सौभाग्यशाली दुर्भाग्यशाली, अभागा

#सौम्य असौम्य

#सौम्य उग्र, रौद्र

#स्त्री पुरुष

#स्तुति निंदा

#स्तुत्य निंद्य

#क्षणिक स्थायी

#स्थावर जंगम

#स्थिर चंचल

#स्थूल सूक्ष्म

#स्निग्ध रुक्ष

#स्पष्ट अस्पष्ट

#स्मरण विस्मरण

#स्वकीया परकीया

#स्वजाति विजाति, परजाति

#स्वतंत्र परतंत्र, गणतंत्र

#स्वतंत्रता परतंत्रता

#स्वदेश परदेश, विदेश

#स्वदेशी परदेशी, विदेशी

#स्वप्न अस्वप्न

#स्वर्ग नरक

#स्वधर्म परधर्म

#स्वल्पायु चिरायु

#स्वाधीन पराधीन

#स्वामी सेवक

#स्वार्थ परार्थ, नि:स्वार्थ, परमार्थ

#स्वीकृत अस्वीकृत

#हंता रक्षक

#हंसना रोना

#हतश्री श्रीमंत

#हतप्रभ सप्रभ

#हतश्री पूर्णश्री

#हलाल हराम

#हलाहल अमृत

#हर्ष विषाद, शोक

#हानि लाभ

#हार जीत

#हास रूदन

#हितैषी द्वैषी

#हिंसक अहिंसक

#हिंसा अहिंसा

#हित अहित, अनहित

#होश बेहोश

#ह्रस्व दीर्घ

#ह्रास वृद्धि

शब्द-संकलन : मुहम्मद इलियास हुसैन

असिस्टेंट प्रोफ़ेसर, हिन्दी विभाग,

  1. Y. Manihari College, Manihari,

KATIHAR (BIHAR), PIN-854213

 

आधार-ग्रंथ (साभार)

  1. वृहत् व्याकरण भास्कर : डॉ. वचनदेव कुमार
  2. आधुनिक हिन्दी व्याकरण और रचना : डॉ. वासुदेवनंदन प्रसाद
  3. उपहार हिन्दी व्याकरण और रचना : आनंद भाई व मोहन भाई
  4. व्याकरण-सर्वस्व : प्रोफ़ेसर राम खेलावन राय व राम प्रवेश उपाध्याय
  5. सहज हाईस्कूल हिन्दी व्याकरण और रचना : बी के सिंहा